श्री सूर्य देव आरती - Shree Surya Dev Aarti
सूर्यदेव की यह आरती भगवान सूर्य नारायण के तेज, करुणा, ज्ञान और लोककल्याणकारी स्वरूप का गुणगान करती है। इसमें सूर्यदेव को कश्यप ऋषि और अदिति के पुत्र, समस्त संसार के अंधकार का नाश करने वाले तथा भक्तों के हृदय को प्रकाशित करने वाले देवता के रूप में वंदित किया गया है। सनातन परंपरा में सूर्यदेव को प्रत्यक्ष देवता माना गया है, जिनकी उपासना से स्वास्थ्य, ऊर्जा, आत्मविश्वास, बुद्धि और आध्यात्मिक उन्नति प्राप्त होती है। प्रातःकाल इस आरती का श्रद्धापूर्वक गायन करने से जीवन में सकारात्मकता और दिव्य चेतना का संचार होता है।