प्रार्थना है यही मेरी हनुमान जी - Prarthna Hai Yahi Hanuman Ji
परिचय
यह भजन भगवान हनुमान जी से की गई विनम्र प्रार्थना को व्यक्त करता है। इसमें भक्त अपने जीवन के दुखों और कमजोरियों को स्वीकार करते हुए हनुमान जी से कृपा और संरक्षण की याचना करता है। साथ ही वह प्रभु श्रीराम और माता सीता के दर्शन की कामना करता है।
भावार्थ
भजन का भाव यह है कि मनुष्य अपने कर्मों के कारण दुखों में पड़ता है, परंतु जब वह सच्चे मन से भगवान की शरण लेता है तो उसे मार्ग और सहारा मिल जाता है। भक्त हनुमान जी से प्रार्थना करता है कि वे उसके मन को विषय-वासनाओं से मुक्त करके राम-सीता की भक्ति से भर दें, जिससे उसका जीवन पवित्र और सफल हो सके।